1वाक्य — रचना और भेद
शब्दों का सार्थक समूह जो पूर्ण विचार प्रकट करे, उसे 'वाक्य' कहते हैं।
अर्थ के आधार पर वाक्य आठ प्रकार के होते हैं — विधानवाचक, निषेधवाचक, प्रश्नवाचक, आज्ञावाचक, विस्मयवाचक, इच्छावाचक, संदेहवाचक और संकेतवाचक। रचना के आधार पर तीन प्रकार — सरल/साधारण, संयुक्त (दो स्वतंत्र वाक्य 'और/परंतु' से जुड़े हों), और मिश्र (एक मुख्य उपवाक्य + एक या अधिक आश्रित उपवाक्य 'जो/यदि/क्योंकि' से जुड़े)।
- विधानवाचक: 'राम पढ़ता है।'
- प्रश्नवाचक: 'क्या तुम विद्यालय जाओगे?'
- संयुक्त वाक्य: 'राम आया और सीता गई।'
- मिश्र वाक्य: 'जब वह आया, तब मैं सो रहा था।'