भारत और जापान ने 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौते' पर हस्ताक्षर किए
भारत और जापान ने 20 मई, 2026 को टोक्यो में 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौते' (Indo-Pacific Economic Cooperation Agreement - IPECA) पर हस्ताक्षर किए। इस समझौते का उद्देश्य इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में व्यापार, निवेश, आपूर्ति श्रृंखला लचीलापन और डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना है। यह समझौता दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करेगा और क्षेत्र में स्थिरता व समृद्धि सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
2-Minute Summary (TL;DR)
- भारत और जापान ने 20 मई, 2026 को टोक्यो में 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौते' (IPECA) पर हस्ताक्षर किए।
- समझौते का मुख्य उद्देश्य इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में व्यापार, निवेश, आपूर्ति श्रृंखला लचीलापन और डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना है।
- IPECA के तहत 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को ₹50 बिलियन डॉलर तक पहुँचाने का लक्ष्य रखा गया है।
- यह समझौता सेमीकंडक्टर, महत्वपूर्ण खनिज और फार्मास्यूटिकल्स जैसी महत्वपूर्ण वस्तुओं के लिए लचीली आपूर्ति श्रृंखलाओं पर केंद्रित है।
- डिजिटल व्यापार, AI, 5G/6G और साइबर सुरक्षा में प्रौद्योगिकी सहयोग भी समझौते का एक प्रमुख स्तंभ है।
- स्वच्छ ऊर्जा, हरित हाइड्रोजन और बुनियादी ढांचा विकास में संयुक्त परियोजनाएं भी इसमें शामिल हैं।
- यह समझौता इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में भारत की रणनीतिक स्थिति को मजबूत करेगा और चीन के प्रभाव का मुकाबला करेगा।
- समझौता 1 जनवरी, 2027 से प्रभावी होने की उम्मीद है और यह भारत की 'एक्ट ईस्ट' नीति का विस्तार है।
Why In News
भारत के प्रधानमंत्री और जापान के प्रधानमंत्री ने 20 मई, 2026 को टोक्यो में एक उच्च-स्तरीय शिखर सम्मेलन के दौरान औपचारिक रूप से 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौते' पर हस्ताक्षर किए। यह समझौता कई महीनों की गहन वार्ताओं का परिणाम है और क्षेत्रीय भू-राजनीतिक तथा आर्थिक परिदृश्य में बढ़ते चीन के प्रभाव का मुकाबला करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है, जिससे यह तत्काल एक प्रमुख अंतरराष्ट्रीय खबर बन गई है।
Syllabus Connection
यह समझौता भारत की विदेश नीति, क्षेत्रीय आर्थिक एकीकरण, आपूर्ति श्रृंखला लचीलापन और इंडो-पैसिफिक भू-राजनीति से संबंधित है। छात्रों को भारत-जापान संबंधों के रणनीतिक और आर्थिक आयामों को समझना चाहिए।
Prelims vs Mains — What to Focus On
| Aspect | Prelims | Mains |
|---|---|---|
| समझौते का नाम | इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौता (IPECA) | क्षेत्रीय आर्थिक एकीकरण और भू-राजनीतिक निहितार्थ। |
| हस्ताक्षरकर्ता | भारत और जापान | दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी का महत्व। |
| मुख्य उद्देश्य | व्यापार, निवेश, आपूर्ति श्रृंखला, डिजिटल अर्थव्यवस्था | चीन के प्रभाव का मुकाबला करने और क्षेत्रीय स्थिरता में भूमिका। |
| लक्ष्य | 2030 तक ₹50 बिलियन डॉलर द्विपक्षीय व्यापार | भारत की आर्थिक वृद्धि और निर्यात क्षमता पर प्रभाव। |
| रणनीतिक महत्व | मुक्त और खुला इंडो-पैसिफिक | भारत की 'एक्ट ईस्ट' नीति और वैश्विक मूल्य श्रृंखलाओं में एकीकरण। |
How This Topic is Tested in Competitive Exams
| Exam | Frequency | Approx. Marks | What Gets Asked |
|---|---|---|---|
| UPSC / State PCS | Very High | 10–20 | International relations is a core GS-II topic for UPSC. Bilateral agreements, multilateral bodies, and geopolitics are essential. |
| SSC (CGL / CHSL / MTS) | Medium | 2–4 | International summits, treaties, and India's bilateral relations appear in SSC GK. |
| Banking (IBPS / SBI) | Medium | 2–4 | G20, IMF/World Bank decisions, and global trade events are tested in banking exams. |
| Railway (RRB NTPC / Group D) | Medium | 2–4 | Summits, UN resolutions, and India's foreign policy are included in Railway GK. |
| State PCS / PSC | Medium | 3–5 | State PCS papers test India's role in international forums and bilateral trade ties. |
Key Facts to Remember: भारत और जापान ने 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौते' पर हस्ताक्षर किए
- भारत और जापान ने 20 मई, 2026 को टोक्यो में 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौते' (IPECA) पर हस्ताक्षर किए।
- समझौते का मुख्य उद्देश्य इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में व्यापार, निवेश, आपूर्ति श्रृंखला लचीलापन और डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना है।
- IPECA के तहत 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को ₹50 बिलियन डॉलर तक पहुँचाने का लक्ष्य रखा गया है।
- यह समझौता सेमीकंडक्टर, महत्वपूर्ण खनिज और फार्मास्यूटिकल्स जैसी महत्वपूर्ण वस्तुओं के लिए लचीली आपूर्ति श्रृंखलाओं पर केंद्रित है।
- डिजिटल व्यापार, AI, 5G/6G और साइबर सुरक्षा में प्रौद्योगिकी सहयोग भी समझौते का एक प्रमुख स्तंभ है।
- स्वच्छ ऊर्जा, हरित हाइड्रोजन और बुनियादी ढांचा विकास में संयुक्त परियोजनाएं भी इसमें शामिल हैं।
- यह समझौता इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में भारत की रणनीतिक स्थिति को मजबूत करेगा और चीन के प्रभाव का मुकाबला करेगा।
- समझौता 1 जनवरी, 2027 से प्रभावी होने की उम्मीद है और यह भारत की 'एक्ट ईस्ट' नीति का विस्तार है।
Practice Questions
Q1. भारत और जापान के बीच 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौते' (IPECA) पर कब हस्ताक्षर किए गए?
- 15 अप्रैल, 2026
- 20 मई, 2026
- 10 जून, 2026
- 25 जुलाई, 2026
Explanation: भारत और जापान ने 20 मई, 2026 को टोक्यो में 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौते' (IPECA) पर हस्ताक्षर किए। यह समझौता दोनों देशों के बीच आर्थिक और रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।
Q2. IPECA के तहत भारत और जापान ने 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को कितने तक पहुँचाने का लक्ष्य रखा है?
- ₹25 बिलियन डॉलर
- ₹50 बिलियन डॉलर
- ₹75 बिलियन डॉलर
- ₹100 बिलियन डॉलर
Explanation: IPECA का एक प्रमुख लक्ष्य 2030 तक भारत और जापान के बीच द्विपक्षीय व्यापार को ₹50 बिलियन डॉलर तक पहुँचाना है। यह समझौता व्यापार बाधाओं को कम करके और निवेश को बढ़ावा देकर इस लक्ष्य को प्राप्त करने में मदद करेगा।
Q3. निम्नलिखित में से कौन सा IPECA का एक प्रमुख स्तंभ नहीं है?
- आपूर्ति श्रृंखला लचीलापन
- डिजिटल अर्थव्यवस्था और प्रौद्योगिकी सहयोग
- सैन्य गठबंधन और संयुक्त रक्षा अभ्यास
- स्वच्छ ऊर्जा और डीकार्बोनाइजेशन
Explanation: IPECA मुख्य रूप से आर्थिक सहयोग पर केंद्रित है। सैन्य गठबंधन और संयुक्त रक्षा अभ्यास इसके प्रमुख स्तंभों में शामिल नहीं हैं, हालांकि दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग अलग से मौजूद है। IPECA व्यापार, निवेश, आपूर्ति श्रृंखला, डिजिटल अर्थव्यवस्था और स्वच्छ ऊर्जा पर केंद्रित है।
Q4. IPECA समझौता इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में किस देश के बढ़ते प्रभाव का मुकाबला करने में मदद करेगा?
- रूस
- अमेरिका
- चीन
- ऑस्ट्रेलिया
Explanation: IPECA समझौता इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में चीन के बढ़ते आर्थिक और सैन्य प्रभाव का मुकाबला करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है। यह समान विचारधारा वाले देशों के बीच सहयोग को बढ़ावा देकर क्षेत्रीय शक्ति संतुलन स्थापित करने में मदद करेगा।
Q5. IPECA समझौता भारत की किस नीति का विस्तार है?
- लुक वेस्ट नीति
- नेबरहुड फर्स्ट नीति
- एक्ट ईस्ट नीति
- कनेक्ट सेंट्रल एशिया नीति
Explanation: IPECA समझौता भारत की 'एक्ट ईस्ट' नीति का एक महत्वपूर्ण विस्तार है। यह नीति भारत के पूर्वी एशियाई और दक्षिण-पूर्वी एशियाई देशों के साथ आर्थिक, रणनीतिक और सांस्कृतिक संबंधों को मजबूत करने पर केंद्रित है।
How to Prepare International Affairs for Government Exams — भारत और जापान ने 'इंडो-पैसिफिक आर्थिक सहयोग समझौत…
Focus on India-centric news — India's bilateral visits, MoUs signed, and positions in international bodies. This is what domestic exams test.
For UPSC, understand geopolitical context: Why does India take a particular position? What is India's strategic interest?
Keep a running note of all G20, SCO, BRICS, and QUAD-related outcomes. These bodies generate 3–5 questions per major exam cycle.
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